राष्ट्रीय चैंपियनशिप और रैंकिंग टूर्नामेंट के पहले 4 स्थान पर रहने वाले पहलवानों के बीच ट्रायल होंगे। इनमें विजेता बनने वाले को भारतीय टीम में जगह बनाने को राष्ट्रीय शिविर में शामिल किया जाएगा।

पहलवानों की भारतीय टीम में दावेदारी का रास्ता और खुला कर दिया गया है। अब तक राष्ट्रीय चैंपियनशिप में पहले तीन स्थान पर रहने वाले पहलवानों को राष्ट्रीय शिविर में जगह दी जाती थी, पर अब कुश्ती संघ जनवरी से रैंकिंग टूर्नामेंट की शुरुआत करने जा रहा है।

राष्ट्रीय चैंपियनशिप और रैंकिंग टूर्नामेंट के पहले 4 स्थान पर रहने वाले पहलवानों के बीच ट्रायल होंगे। इनमें विजेता बनने वाले को भारतीय टीम में जगह बनाने को राष्ट्रीय शिविर में शामिल किया जाएगा।

दरअसल भारतीय कुश्ती संघ ने अगली राष्ट्रीय चैंपियनशिप में हर राज्य और संस्थान की एक-एक टीम के ही भाग लेने की अनिवार्यता रख दी है। इसका बड़ा नुकसान हरियाणा, रेलवे और सेना की टीमों को हो रहा है।

इन टीमों के पहलवान एक ही भार वर्ग में दो-दो पदक जीतते हैं, लेकिन दूसरी टीमों के विरोध के बाद कुश्ती संघ ने एक टीम उतारने का फैसला लिया। लेकिन इन राज्यों और संस्थानों के पहलवानों को नुकसान नहीं हो और भारतीय टीम में चयन के लिए पारदर्शिता बनी रहे। इसके लिए संघ ने रैंकिंग टूर्नामेंट कराने का फैसला लिया।